In keeping with the spirit of the MNIT Roots of Responsibility (RoR) initiative, Ek Ped Maa Ke Naam campaign, each tree is dedicated in the name of the participant's mother.

MNIT रूट्स ऑफ़ रिस्पॉन्सिबिलिटी (RoR) पहल,”एक पेड़ माँ के नाम” अभियान की भावना के अनुरूप प्रत्येक वृक्ष प्रतिभागी की माता के नाम से समर्पित है,

रूट्स ऑफ़ रिस्पॉन्सिबिलिटी (RoR) पहल के अंतर्गत 23 जुलाई 2026 को मानविकी तरुमाला में ट्री रीटैगिंग गतिविधि आयोजित की गई। वर्ष 2024 में प्रो. मंजू सिंह के मार्गदर्शन में प्रारंभ की गई यह पहल इस विश्वास पर आधारित है कि पर्यावरण के प्रति हमारी जिम्मेदारी केवल एक पौधा लगाने तक सीमित नहीं है। यह प्रतिभागियों को अपने लगाए गए वृक्षों का संरक्षण एवं संवर्धन करने के लिए प्रेरित करती है, जिससे पर्यावरण संरक्षण के प्रति आजीवन प्रतिबद्धता विकसित हो। “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान की भावना के अनुरूप प्रत्येक वृक्ष प्रतिभागी की माता के नाम से समर्पित है, जो कृतज्ञता, स्नेह, देखभाल और आजीवन उत्तरदायित्व का प्रतीक है।

In keeping with the spirit of the MNIT Roots of Responsibility (RoR) initiative, “Ek Ped Maa Ke Naam” campaign, each tree is dedicated in the name of the participant’s mother.

ट्री रीटैगिंग गतिविधि ने विभाग के संकाय सदस्यों एवं शोधार्थियों को एक मंच पर एकत्रित किया, जहाँ उन्होंने अपने-अपने वृक्षों पर पुनः टैग लगाकर प्रकृति के साथ अपने आत्मीय संबंध को पुनः सुदृढ़ किया तथा इस साझा हरित विरासत के संरक्षण एवं संवर्धन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को दोहराया।

कार्यक्रम का एक विशेष आकर्षण दो तरुमित्रों का सम्मान रहा, जिन्होंने अपनी पीएच.डी. यात्रा के साथ-साथ रूट्स ऑफ़ रिस्पॉन्सिबिलिटी पहल के अंतर्गत अपनी प्रतिबद्धता का भी सफलतापूर्वक निर्वहन किया। उनकी शैक्षणिक यात्रा के दौरान अपने वृक्षों के प्रति समर्पण और सतत देखभाल के सम्मान में उन्हें प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए। यह पहल इस संदेश को सशक्त रूप से रेखांकित करती है कि व्यक्तिगत विकास और पर्यावरणीय उत्तरदायित्व एक-दूसरे के पूरक हैं।

यह पहल शिक्षा के सार्थक क्रियान्वयन का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत करती है, जो मानवीय मूल्यों को आत्मसात करते हुए उत्तरदायी वैश्विक नागरिकों के निर्माण तथा एक बेहतर और सतत भविष्य की दिशा में महत्वपूर्ण योगदान देती है।

कार्यक्रम की गरिमामयी उपस्थिति विभागाध्यक्ष प्रो. नूपुर (HOD) तथा मानविकी एवं सामाजिक विज्ञान विभाग के संकाय सदस्यों ने बढ़ाई। उनकी उपस्थिति ने प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया और इस पहल की भावना को और अधिक सशक्त बनाया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *